वार्षिक राशिफल 2026 : मेष राशि… शनि की साढ़ेसाती बचायेंगे बृहस्पति!

हंस राजयोग और गजकेसरी राजयोग से बनने वाले शुभ योग में किस्मत चमकती दिखेगी, तो शनि की साढ़ेसाती का पहला चरण परेशानी का कारक बन जा सकता है. इस दृष्टि से इस साल को आत्म-निर्माण, कर्म-परीक्षा और भाग्य-विस्तार माना जा सकता है. ऐसे में जिम्मेदारी, धैर्य और विवेक के इस्तेमाल की जरूरत होगी.

तापमान लाइव ब्यूरो
02 जनवरी 2026
New Delhi : वर्ष 2026 मेष राशि (Aries) के जातकों के लिए कठिन संघर्ष, कड़ी मेहनत और बड़ी चुनौतियों से भरा होगा. पर, इसी में सफलता (Success) मिलेगी, तरक्की (Progress) भी होगी. सुखद अनुभूति की प्राप्ति होगी. हंस राजयोग (Hans Rajyoga) और गजकेसरी राजयोग (Gajakesari Rajayoga) से बनने वाले शुभ योग में किस्मत चमकती दिखेगी, तो शनि की साढ़ेसाती (Saturn’s Sade Sati) का पहला चरण परेशानी का कारक बन जा सकता है. इस दृष्टि से इस साल को आत्म-निर्माण, कर्म-परीक्षा और भाग्य-विस्तार माना जा सकता है. ऐसे में जिम्मेदारी, धैर्य और विवेक के इस्तेमाल की जरूरत होगी. तमाम दिक्कतों व परेशानियों के बीच साल के मध्य यानी जून-जुलाई का समय अत्यंत शुभ सिद्ध हो सकता है. लेकिन, इसके लिए गलत संगति और जल्दबाजी से बचना होगा. रिश्तों के लिए यह साल बहुत ही अच्छा साबित होगा. रिश्तेदार संतुष्ट रहेंगे, पारिवारिक माहौल खुशनुमा रहेगा. घर-परिवार में मांगलिक कार्य हो सकते हैं. दूसरों का हित सोचें और करें, तो आपका भी हित होगा.
अवसर उपलब्ध करायेंगे
ज्योतिष शास्त्र (Astrology) के मुताबिक बृहस्पति मेष राशि के भाग्य भाव के स्वामी हैं. वर्ष 2026 के प्रारंभ में बृहस्पति उच्च होकर इस राशि के चतुर्थ भाव में प्रवेश कर हंस राजयोग तथा गजकेसरी राजयोग का निर्माण करेंगे. दोनों राजयोग बुद्धि-विवेक, धन-संपत्ति, मान-सम्मान, करियर-कारोबार, आवास-वाहन एवं सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ाने वाले माने जाते हैं. बृहस्पति की गति व दृष्टि शनि की साढ़ेसाती जनित बड़े संकटों को शांत करती रहेगी, समाधान निकालती रहेगी. शनि बारहवें भाव में स्थिर होकर खर्च, मानसिक तनाव और चिंता बढ़ा सकते हैं. लेकिन, राहु तीसरे भाव में रह साहस बढ़ायेंगे और मीडिया, मार्केटिंग एवं कम्युनिकेशन के क्षेत्र में अवसर उपलब्ध करायेंगे.
बना रहेगा आकर्षण
साल 2026 की पहली तिमाही यानी जनवरी से मार्च के दौरान मंगल काफी सक्रिय रहेगा. नयी जिम्मेदारियां दिलायेगा. आर्थिक रूप से खर्च बढ़ायेगा, पर आय के नये स्रोत से धन लाभ भी दिलायेगा. प्रेम और वैवाहिक जीवन (Married Life) में आकर्षण बना रहेगा. जीवनसाथी का सहयोग मिलेगा. नये रिश्ते बन सकते हैं. अहंकार से बचना होगा. सेहत की दृष्टि से शरीर में ऊर्जा बनी रहेगी. वैसे, कुछ समस्याएं भी उत्पन्न होंगी. छात्रों के लिए यह समय आत्मविश्वास बढ़ाने वाला होगा.
अस्थिरता रहेगी
द्वितीय तिमाही यानी अप्रैल से जून के दौरान करियर-कारोबार को लेकर अधिक भागदौड़ करनी पड़ेगी. तब भी अनिश्चितता व अस्थिरता बनी रहेगी. विदेश यात्रा या स्थान परिवर्तन के योग बन सकते हैं. 17 मई तक किसी ग्रह की शनि पर दृष्टि नहीं रहने से अधिक मेहनत करनी पड़ सकती है. तब भी अपेक्षा के अनुरूप परिणाम नहीं मिल सकता है. जोखिम लेने से बचना होगा. संवादहीनता प्रेम और वैवाहिक जीवन में तनाव पैदा कर सकती है. मानसिक तनाव से जूझना पड़ सकता है.
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तरक्की के योग
मेष राशि के जातकों को तृतीय तिमाही यानी जुलाई से सितम्बर के दौरान करियर-कारोबार में परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. काम का दबाव रहेगा. हालांकि, इसी दबाव में भविष्य की मजबूत नींव पड़ जायेगी. 17 मई से 09 अक्तूबर के बीच व्यापार और कार्य क्षेत्र में तरक्की के योग दिख रहे हैं. आर्थिक संतुलन बनाये रखना हितकर होगा. प्रेम और वैवाहिक जीवन में अस्थिरता पैदा हो सकती है. अंतिम तिमाही यानी अक्तूबर से दिसम्बर के दौरान करियर में स्थिरता आयेगी. रुके हुए कार्य पूरे होंगे. मान-सम्मान में वृद्धि और पदोन्नति के योग बन रहे हैं. आर्थिक स्थिति मजबूत होगी. रुका हुआ धन मिलेगा. निवेश से लाभ होगा. प्रेम और वैवाहिक जीवन में खुशियां रहेंगी. अविवाहितों के लिए विवाह के योग दिख रहे हैं.
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